अंजुमन। उपहार। काव्य संगम। गीत। गौरव ग्राम। गौरवग्रंथ। दोहे। पुराने अंक संकलन। अभिव्यक्ति। कुण्डलिया। हाइकु। हास्य व्यंग्य। क्षणिकाएँ। दिशांतर

चाँद शेरी

जन्म : ८ जुलाई १९६६ को ज़िला झालावाड़ राजस्थान में। देश के जाने माने ग़ज़लकार।

कार्यक्षेत्र-
देश की लगभग सभी पत्र–पत्रिकाओं में ग़ज़लें प्रकाशित। आकाशवाणी जयपुर से ग़ज़लों का प्रसारण। अखिल भारतीय कवि सम्मेलनों तथा मुशायरों में सक्रिय भागीदारी। राजस्थान की साहित्यिक संस्थाओं जैसे विकल्प‚ काव्य मधुवन‚ सारंग साहित्य समिति‚ हमसुखन‚ बज़्मे अदब‚ बज़्मे सुखन‚ ज्ञान भारती आदि के सदस्य।

सम्मान व पुरस्कार-
राजस्थान साहित्य अकादमी का वर्ष २००२-०३ का 'सुमनेश जोशी' पुरस्कार, डॉ.भीमराव अम्बेडकर समिति का 'फेलोशिप सम्मान', जैमिनी अकादमी हरियाणा द्वारा 'ग़ज़ल सम्मान', नगर निगम कोटा द्वारा 'कौमी एकता अवार्ड' आदि कई सम्मानों से सम्मानित।

सम्प्रति : स्टील फर्नीचर का निजी व्यवसाय।

प्रकाशित कृतियाँ :
ग़ज़ल संग्रह 'ज़र्द पत्ते हरे हो गए' प्रकाशित

ई मेल :
chandsheri@yahoo.co.in

 

अनुभूति में चाँद शेरी की रचनाएँ—

नई रचनाओं में-
अपने जीवन में
काले काले बादल भी ला
बरसात होगी
लोग जिसको ताज पहनाने चले
सहमी सहमी

अंजुमन में—
अमृत का पियाला
आज का रांझा
चंदन तन
मुल्क
वक्त भी कैसी पहेली
शहरे वफ़ा

 

 

इस रचना पर अपने विचार लिखें    दूसरों के विचार पढ़ें 

अंजुमन। उपहार। काव्य चर्चा। काव्य संगम। किशोर कोना। गौरव ग्राम। गौरवग्रंथ। दोहे। रचनाएँ भेजें
नई हवा। पाठकनामा। पुराने अंक। संकलन। हाइकु। हास्य व्यंग्य। क्षणिकाएँ। दिशांतर। समस्यापूर्ति

© सर्वाधिकार सुरक्षित
अनुभूति व्यक्तिगत अभिरुचि की अव्यवसायिक साहित्यिक पत्रिका है। इसमें प्रकाशित सभी रचनाओं के सर्वाधिकार संबंधित लेखकों अथवा प्रकाशकों के पास सुरक्षित हैं। लेखक अथवा प्रकाशक की लिखित स्वीकृति के बिना इनके किसी भी अंश के पुनर्प्रकाशन की अनुमति नहीं है। यह पत्रिका प्रत्येक सोमवार को परिवर्धित होती है

hit counter