अंजुमन। उपहार। काव्य संगम। गीत। गौरव ग्राम। गौरवग्रंथ। दोहे। पुराने अंक संकलन। अभिव्यक्ति। कुण्डलिया। हाइकु। हास्य व्यंग्य। क्षणिकाएँ। दिशांतर

तरुण भटनागर

जन्म- २५ सितंबर १९६८ को रायपुर छत्तीसगढ़ मध्यप्रदेश में

शिक्षा- एम.एस सी. (गणित) तथा एम.ए. (इतिहास)

कार्यक्षेत्र- साहित्य की कई विधाओं में लेखन, कविताएँ, कहानियाँ, उपन्यास आदि। प्रतिष्ठित साहित्यिक पत्रिकाओं में प्रकाशित।

संप्रति- भारत में मध्यप्रदेश राज्य में राज्य प्रशासनिक सेवा के अधिकारी के रूप में कार्यरत। साहित्य के अतिरिक्त भारतीय शास्त्रीय संगीत, हिन्दी भाषा का प्रचार-प्रसार, बागवानी, धर्म व दर्शन में रुचि।

ईमेल- tarun_bhatnagar2006@hotmail.com

 

अनुभूति में तरुण भटनागर
की रचनाएँ -

छंदमुक्त में-
आदमी के लिए
अकेलपन का जंगल
कभी
गुलदस्ते में फूल
चिंदियाँ
चायवाला
पुराने अलबम की तस्वीरें
बंद और खुली आँखें
बचपन का घर
बरसों से
बादलों के लिए
पहला मानसून
सूरज के साथ साथ
ठंड का कारण
उनकी यादें
विचित्र ज़िन्दगी़
विरोध के तीन तरीके
वृक्ष की मौत पर
समुद्र किनारे शाम
क्षितिज की रेखा

 

 

इस रचना पर अपने विचार लिखें    दूसरों के विचार पढ़ें 

अंजुमन। उपहार। काव्य चर्चा। काव्य संगम। किशोर कोना। गौरव ग्राम। गौरवग्रंथ। दोहे। रचनाएँ भेजें
नई हवा। पाठकनामा। पुराने अंक। संकलन। हाइकु। हास्य व्यंग्य। क्षणिकाएँ। दिशांतर। समस्यापूर्ति

© सर्वाधिकार सुरक्षित
अनुभूति व्यक्तिगत अभिरुचि की अव्यवसायिक साहित्यिक पत्रिका है। इसमें प्रकाशित सभी रचनाओं के सर्वाधिकार संबंधित लेखकों अथवा प्रकाशकों के पास सुरक्षित हैं। लेखक अथवा प्रकाशक की लिखित स्वीकृति के बिना इनके किसी भी अंश के पुनर्प्रकाशन की अनुमति नहीं है। यह पत्रिका प्रत्येक सोमवार को परिवर्धित होती है

hit counter