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        सूरज लापता है

 

कोहरे ने थाम ली रफ़्तार
सूरज लापता है

फिर गिरा पारा
हुआ है माइनस में
और जकड़ा है
दिसंबर साइनस में
हुईं अब तक चार मौतें
न्यूज पेपर छापता है

लौट आयी जनवरी
है बर्फ ओढ़े
शांत लेटा है दिवस भी
पाँव मोड़े
छेड़तीं जब-जब हवाएँ
बुदबुदाता-काँपता है

पश्चिमी विक्षोभ की
चेतावनी है
दूर तक पसरी हुई
इक सनसनी है
बादलों एक जत्था
इस गगन को ढाँपता है

- योगेन्द्र प्रताप मौर्य
१ दिसंबर २०२०

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