श्रीराम जय जय

 
  जय श्रीराम जय जय श्रीराम
हुआ राममय देश हमारा
गूँजेगा अब घर-घर सारा
बोलो हाथ उठा कर सारे राघव राजा राम
जय श्रीराम जय जय श्रीराम

सुबह से ही सजी हुई है
दीपमालिका दीपाधार
रंग-बिरंगी लटक रही
टिम-टिम प्रकाश की वंदनवार
दीप चंद्रिका चमकेगी भू पर होते ही शाम
जय श्रीराम जय जय श्रीराम

राम लला की अगवानी में
दूर-दूर से आए लोग
अपनी श्रद्धा से सब लाए
आज लगेगा छप्पन भोग
सौभाग्य कि देखेंगे सारे मुखचन्द्र सलोने राम
जय श्रीराम जय जय श्रीराम

सजी अयोध्या नगरी सारी
सरयू नदी हुई बलिहारी
पथ-पथ सजी हुई रंगोली
खेलेंगे फूलों से होली
हुआ आगमन राम लला का आज अयोध्या धाम
जय श्रीराम जय जय श्रीराम

- आकुल
१ अप्रैल २०२४

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