नित्य जपें यहि नाम

 
  राम करें किरपा सदा, नित्य जपें यहि नाम
कलयुग का बस नाम है, जपहिं बनें सब काम

आई विपदा टार दी, ऐसे हैं श्री राम
सुमरन है बस इक घड़ी, करे अस्त्र का काम

प्रीति कीजिए राम से, पार ये नौका होय
भव सागर के पंक से, इस विधि मनवा धोय

राम नाम दीपक बने, मिटा अँधेरा जान
जगमग हो जीवन सदा, रोशन मन को मान

छली गयी सीता सदा, जीता छल हर बार
राम भटकते आज भी, कलयुग ले अवतार

- रेखा श्रीवास्तव
१ अप्रैल २०२४

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