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                    जवाब मिट्टी का
 
है तो हुस्न-ओ-शबाब मिट्टी का
पर नहीं है जवाब, मिट्टी का

जब मिलेगा नक़ाब मिट्टी का
देना होगा हिसाब मिट्टी का

मेरी पहचान? एक पंजर में
पहने हूँ मैं हिजाब मिट्टी का

इक दिया रख दे मन-कँधोली पे
काफ़ी यह आफ़ताब मिट्टी का

अपना रिश्ता भी ऐसा है बिल्कुल
जैसा रिश्ता, सहाब-मिट्टी का

तिफ़्ल वह रेत में सना खेले
लग रहा है गुलाब मिट्टी का

कोई झोंका पटकदे जाने कहाँ
'रीत' उड़ना प' ख़्वाब मिट्टी का

- परमजीत कौर 'रीत'
१ अक्टूबर २०२४
           

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