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        तेरा वसंत मेरा वसंत

फूली बगिया फूले तरुवर 
छाई खुशियाँ जब चहुँ अनंत 
मैंने कहा तेरा बसंत

पीले टेसू पीला गेंदा,
महके है जब जब दिग दिगंत 
मैंने कहा- तेरा बसंत

तितली भौंरों का संदेसा
लेकर ऊँची उड़ती पतंग,  
मैंने कहा- तेरा बसंत

पायल छनकी गेसू उड़ते
फूली रोटी की मधुर गंध
दिल ने कहा - मेरा बसंत

तरु ने धानी धानी चूनर पहनी
गुल्ली डंडा बच्चे दिगंत
मैंने कहा- तेरा बसंत

उसने यह कह मिसरी घोली
दो फूलों की आँगन सुगंध
दिल ने कहा - मेरा बसंत
यह ही तो है मेरा बसंत

- सुधा गोयल 'नवीन'
१ मार्च २०२३
   

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