हिन्‍दी ज़िन्‍दाबाद

ज़िन्‍दाबाद ज़िन्‍दाबाद
ज़िन्‍दाबाद ज़िन्‍दाबाद
हमारी प्‍यारी सबसे न्‍यारी
हिन्‍दी ज़िन्‍दाबाद।

हिन्‍द की है शान हिन्‍दी
हिन्‍द की है आन हिन्‍दी
हिन्‍द का अरमान हिन्‍दी
हिन्‍द की पहचान हिन्‍दी
हिन्‍दी पे उँगली उठे ना
ये रहे सदा आबाद।

ज़िन्‍दाबाद, ज़िन्‍दाबाद
ज़िन्‍दाबाद, ज़िन्‍दाबाद।

व़क्‍़त जन आधार का है
हिन्‍दी पर विचार का है
काम ये सरकार का है
जीत का ना हार का है
हिन्‍दी से ही आएगा अब
इक नया समाजवाद।

ज़िन्‍दाबाद, ज़िन्‍दाबाद
ज़िन्‍दाबाद, ज़िन्‍दाबाद।

हिन्‍दी को महत्‍व दें
हिन्‍दी को ममत्‍व दें
हिन्‍दी को निजत्‍व दें
हिन्‍दी को अपनत्‍व दें
हिन्‍दी में हो बातचीत
और हरेक अब सम्‍वाद।

ज़िन्‍दाबाद, ज़िन्‍दाबाद
ज़िन्‍दाबाद, ज़िन्‍दाबाद।

हिन्‍दी राजभाषा है अब
हिन्‍दी में हर काम हो।
हिन्‍दी में सवाल और
जवाब अब तमाम हो।
हिन्‍दी को अब फि‍र करें
अंग्रेजों से हम आज़ाद।

ज़िन्‍दाबाद, ज़िन्‍दाबाद
ज़िन्‍दाबाद, ज़िन्‍दाबाद।

- डा॰ गोपाल कृष्‍ण भट्ट ‘आकुल'   
१ सितंबर २०१५

 

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